विश्व के भारत या अन्य देशों के एसे राज्यों के नाम जिनमें पानी कम या हे नहीं होने के कारण लोग पलायन कर चुके हैं ?
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बढ़ते तापमान और पानी के गंभीर संकट के कारण दुनिया भर में बड़े पैमाने पर पलायन (Migration) हो रहा है। यहाँ भारत और वैश्विक स्तर के उन प्रमुख राज्यों और क्षेत्रों की सूची दी गई है, जहाँ पानी की भारी कमी या ज़मीन के पूरी तरह सूख जाने के कारण लोग अपने घरों को छोड़ने पर मजबूर हो चुके हैं:
## 1. भारत के प्रमुख राज्य और क्षेत्र (भारत में जल-पलायन)
भारत में नीति आयोग की एक रिपोर्ट के मुताबिक, देश का एक बड़ा हिस्सा पानी के गंभीर संकट से गुज़र रहा है। गर्मियों में तापमान बढ़ते ही इन राज्यों से बड़े पैमाने पर पलायन होता है:
* **महाराष्ट्र (मराठवाड़ा और विदर्भ क्षेत्र):**
* **प्रभावित ज़िले:** लातूर, जालना, बीड़, उस्मानाबाद।
* **कारण:** इन क्षेत्रों में गर्मियों में तापमान 45°C से ऊपर चला जाता है और लगातार सूखा पड़ने से भूजल स्तर (Groundwater) खत्म हो चुका है। लातूर में तो कुछ साल पहले ट्रेन से पानी भेजना पड़ा था। यहाँ के लाखों किसान और खेतिहर मज़दूर काम की तलाश में मुंबई, पुणे और गन्ने के खेतों की ओर पलायन कर चुके हैं।
* **उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश (बुंदेलखंड क्षेत्र):**
* **प्रभावित ज़िले:** बांदा, महोबा, झाँसी, हमीरपुर (U.P.) और टीकमगढ़, छतरपुर (M.P.)।
* **कारण:** बुंदेलखंड में पानी की कमी के कारण खेती पूरी तरह ठप हो जाती है। कई गाँवों में केवल बुजुर्ग और बच्चे ही बचे हैं, क्योंकि कामकाजी आबादी दिल्ली, सूरत और अन्य बड़े शहरों में पलायन कर चुकी है। इसे स्थानीय भाषा में 'पलायन की त्रासदी' कहा जाता है।
* **राजस्थान (पश्चिमी मरुस्थलीय क्षेत्र):**
* **प्रभावित ज़िले:** बाड़मेर, जैसलमेर, बीकानेर, चुरू।
* **कारण:** यहाँ पानी की कमी प्राकृतिक भी है और बढ़ते तापमान के कारण विकराल भी हो चुकी है। पानी और चारे की तलाश में यहाँ के 'मालधारी' (चरवाहे) और ग्रामीण हर साल मध्य प्रदेश, गुजरात और हरियाणा की तरफ हज़ारों मवेशियों के साथ पलायन करते हैं।
* **आंध्र प्रदेश और तेलंगाना (रायलसीमा क्षेत्र):**
* **प्रभावित ज़िले:** अनंतपुर, कर्नूल।
* **कारण:** यह भारत के सबसे सूखे क्षेत्रों में से एक है। बोरवेल सूख जाने और फसलों के बर्बाद होने के कारण यहाँ से लोग बेंगलुरु और हैदराबाद जैसे महानगरों की ओर पलायन कर रहे हैं।
## 2. वैश्विक स्तर पर प्रभावित देश और राज्य
दुनिया के कई देशों में स्थिति इतनी बदतर हो चुकी है कि पानी न होने के कारण पूरे के पूरे गाँव और शहर खाली हो गए हैं:
### **एशिया और मध्य पूर्व (Middle East):**
* **ईरान (खुज़ेस्तान और सिस्तान-बलूचिस्तान प्रांत):** ईरान के इन प्रांतों में तापमान 50°C को पार कर जाता है। यहाँ की प्रमुख नदियाँ और झीलें (जैसे उर्मिया झील) सूख चुकी हैं। पानी के दंगों और खेती ठप होने के कारण लाखों लोग तेहरान और अन्य बड़े शहरों की ओर पलायन कर चुके हैं।
* **इराक (दक्षिणी प्रांत - बसरा और धी कार):** दजला (Tigris) और फरात (Euphrates) नदियों में पानी का स्तर ऐतिहासिक रूप से कम हो गया है। दलदली इलाके (Marshes) सूखने के कारण यहाँ के पारंपरिक निवासी (Marsh Arabs) शहरों की ओर पलायन करने पर मजबूर हुए हैं।
### **अफ्रीका महाद्वीप:**
* **सोमालिया, इथियोपिया और केन्या (हॉर्न ऑफ अफ्रीका):** यहाँ पिछले कुछ वर्षों में इतिहास का सबसे भयंकर सूखा पड़ा है। पानी और भोजन की कमी के कारण लाखों लोग आंतरिक रूप से विस्थापित (Internally Displaced) हुए हैं या पड़ोसी देशों के शरणार्थी शिविरों में रहने को मजबूर हैं।
* **सूडान और चाड (साहेल क्षेत्र):** सहारा मरुस्थल का दायरा दक्षिण की ओर बढ़ रहा है (Desertification)। पानी और उपजाऊ ज़मीन खत्म होने के कारण यहाँ के लोग बड़े पैमाने पर उत्तर अफ्रीका और यूरोप की तरफ पलायन कर रहे हैं।
### **लैटिन अमेरिका:**
* **चिली (मध्य चिली क्षेत्र):** चिली पिछले एक दशक से अधिक समय से "महा-सूखे" (Mega Drought) का सामना कर रहा है। यहाँ के ग्रामीण इलाकों में पानी के स्रोत सूखने के कारण लोग राजधानी सेंटियागो की ओर पलायन कर रहे हैं।
* **ग्वाटेमाला, होंडुरास और अल साल्वाडोर (शुष्क गलियारा - Dry Corridor):** अल नीनो और बढ़ते तापमान के कारण यहाँ बार-बार सूखा पड़ता है, जिससे मक्के और कॉफी की फसलें बर्बाद हो जाती हैं। यहाँ से लाखों लोग पानी और रोज़गार की तलाश में अमेरिका (USA) की सीमा की ओर पलायन करते हैं।
## पलायन के बाद की चुनौतियाँ
जब लोग पानी की कमी के कारण अपना घर छोड़ते हैं, तो वे आम तौर पर बड़े शहरों की झुग्गियों (Slums) में आकर बसते हैं। इससे शहरों पर भी संसाधन (जैसे पीने का पानी, बिजली और सीवरेज) का दबाव अचानक बहुत बढ़ जाता है, जिससे शहरों में भी जल संकट गहराने लगता है।
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